पेंशन मामले में रायपुर नगर निगम को हाई कोर्ट से बड़ा झटका, पुनर्विचार याचिका खारिज…NV News
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NV News बिलासपुर: छत्तीसगढ़ हाई कोर्ट ने नगर निगम रायपुर की उस पुनर्विचार (रिव्यू) याचिका को सिरे से खारिज कर दिया है, जिसमें निगम ने पेंशन पात्रता संबंधी एक मामले में पूर्व में पारित आदेश को संशोधित करने की मांग की थी। अदालत ने इस मामले में बेहद सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि मुख्य याचिका पर सुनवाई के दौरान जो तथ्य नगर निगम की ओर से कोर्ट के सामने प्रस्तुत नहीं किए गए थे, उन्हें बाद में रिव्यू पिटीशन के माध्यम से उठाकर आदेश में बदलाव नहीं कराया जा सकता।
हाई कोर्ट की एकल पीठ ने याचिका पर सुनवाई करते हुए कहा कि अदालत के पुराने रिकॉर्ड में ऐसी कोई प्रत्यक्ष या साफ तौर पर दिखने वाली त्रुटि (Error on the face of record) नहीं है, जो इस पुनर्विचार याचिका का आधार बन सके। कोर्ट ने साफ लफ्जों में कहा कि यदि कोई पक्षकार मुख्य सुनवाई के समय अपने आवश्यक दस्तावेज या तथ्य प्रस्तुत करने में चूक जाता है, तो उसे बाद में रिव्यू याचिका के जरिए अपनी इस गलती को सुधारने या केस को दोबारा नए सिरे से खुलवाने का कानूनी अधिकार नहीं मिल जाता।
यह पूरा मामला रायपुर नगर निगम के एक कर्मचारी की पेंशन पात्रता से जुड़ा हुआ है, जिसमें पूर्व में हाई कोर्ट ने कर्मचारी के पक्ष में फैसला सुनाया था। उसी फैसले से असहमत होकर नगर निगम रायपुर ने कुछ नए तथ्यों और दलीलों के साथ कोर्ट का दरवाजा फिर से खटखटाया था। लेकिन उच्च न्यायालय ने कानूनी बारीकियों और नियमों का हवाला देते हुए नगर निगम की याचिका को खारिज कर दिया, जिससे अब निगम के लिए पुरानी पेंशन पात्रता के आदेश का पालन करना अनिवार्य हो गया है।

