पुरुष बनाम महिला गंजापन: क्यों पुरुषों के बाल उड़ जाते हैं और महिलाओं के बचे रहते हैं? जानिए इसके पीछे का विज्ञान…NV News

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अक्सर आपने देखा होगा कि बढ़ती उम्र के साथ कई पुरुष पूरी तरह गंजे हो जाते हैं, लेकिन महिलाओं में ऐसा बहुत कम या न के बराबर देखने को मिलता है। महिलाओं के बाल पतले जरूर हो जाते हैं, लेकिन वे पुरुषों की तरह पूरी तरह गंजी नहीं होतीं। ‘आजतक’ की रिपोर्ट के अनुसार, इसके पीछे कोई जादू नहीं बल्कि पूरी तरह वैज्ञानिक, हार्मोनल और जेनेटिक (आनुवंशिक) कारण हैं।

आइए समझते हैं कि पुरुष और महिला के गंजेपन (Male vs Female Baldness) में यह बड़ा अंतर क्यों होता है:

1. मुख्य विलेन: एण्ड्रोजन हार्मोन (DHT)

पुरुषों और महिलाओं के शरीर में अलग-अलग हार्मोन प्रमुख होते हैं, और यही बालों के झड़ने की सबसे बड़ी वजह है।

पुरुषों में: पुरुषों में टेस्टोस्टेरोन (Testosterone) हार्मोन मुख्य होता है। जब यह हार्मोन 5-अल्फा रिडक्टेस (5-alpha reductase) नामक एंजाइम से मिलता है, तो यह डीएचटी (Dihydrotestosterone – DHT) में बदल जाता है। DHT बालों के रोम (Hair Follicles) को सिकोड़ देता है, जिससे बाल पतले होने लगते हैं और अंत में वहां बाल उगना बंद हो जाते हैं।

महिलाओं में: महिलाओं के शरीर में एस्ट्रोजन (Estrogen) हार्मोन मुख्य होता है। एस्ट्रोजन बालों को सुरक्षा प्रदान करता है और उन्हें बढ़ने में मदद करता है। महिलाओं में टेस्टोस्टेरोन और DHT बहुत ही कम मात्रा में बनता है, इसलिए उनके बालों के रोम सुरक्षित रहते हैं।

2. आनुवंशिकी (Genetics) का खेल

गंजापन आनुवंशिक भी होता है, जिसे एंड्रोजेनेटिक एलोपेसिया (Androgenetic Alopecia) कहा जाता है।

पुरुषों में यदि गंजेपन के जीन मौजूद हैं, तो DHT हार्मोन के प्रभाव के कारण वे बहुत जल्दी और पूरी तरह गंजे (Male Pattern Baldness) हो जाते हैं। इसमें आमतौर पर सिर के सामने (Hairline) और बीच का हिस्सा (Crown) पूरी तरह साफ हो जाता है।

महिलाओं में भी यह जीन हो सकता है, जिसे फीमेल पैटर्न बाल्डनेस (Female Pattern Baldness) कहते हैं। लेकिन महिलाओं में यह पूरे सिर के बालों को एक साथ पतला (Thinning) करता है, न कि किसी एक हिस्से को पूरी तरह गंजा।

3. एंजाइम का अंतर (Aromase vs 5-Alpha)

वैज्ञानिकों के अनुसार, महिलाओं के सिर के अगले हिस्से में एरोमाटेज (Aromatase) नाम का एंजाइम अधिक मात्रा में पाया जाता है। यह एंजाइम टेस्टोस्टेरोन को एस्ट्रोजन में बदल देता है। इसके विपरीत, पुरुषों में 5-अल्फा रिडक्टेस एंजाइम ज्यादा होता है, जो टेस्टोस्टेरोन को सीधे DHT (बालों के दुश्मन) में बदल देता है। यही कारण है कि पुरुषों की हेयरलाइन पीछे जाने लगती है।

क्या महिलाएं कभी गंजी हो सकती हैं?

​महिलाएं पूरी तरह गंजी नहीं होतीं, लेकिन कुछ विशेष परिस्थितियों में उनके बाल बहुत ज्यादा झड़ सकते हैं:

  • मेनोपॉज (रजोनिवृत्ति): उम्र बढ़ने पर जब महिलाओं में एस्ट्रोजन हार्मोन का स्तर गिर जाता है, तब बाल तेजी से पतले होने लगते हैं।
  • गर्भावस्था या डिलीवरी के बाद: हार्मोनल उतार-चढ़ाव के कारण।
  • बीमारी: पीसीओडी/पीसीओएस (PCOD/PCOS), थायराइड या एलोपेसिया एरीटा (Alopecia Areata) जैसी ऑटोइम्यून बीमारी के कारण।
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