वन्यजीव जगत में बड़ी खोज: उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व में दिखा अत्यंत दुर्लभ हिमालयी कछुआ, वैज्ञानिकों में भारी उत्साह…NV News
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NV News- छत्तीसगढ़ के उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व (USTR) से पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में एक बेहद हैरान करने वाली और ऐतिहासिक कामयाबी सामने आई है. वन विभाग के मैदानी अमले और अधिकारियों ने रिजर्व के घने जंगलों में एक अत्यंत दुर्लभ और लुप्तप्राय ‘हिमालयी त्रिकारिनेट पहाड़ी कछुए’ (Himalayan Tricarinate Hill Turtle) की मौजूदगी दर्ज की है. भारत में इस प्रजाति के कछुए का इस क्षेत्र में मिलना एक दुर्लभ घटना माना जा रहा है।
भौगोलिक और प्राकृतिक दृष्टि से यह खोज इसलिए सबसे ज्यादा अनोखी है क्योंकि यह प्रजाति आमतौर पर सुदूर हिमालयी और उप-हिमालयी क्षेत्रों के नम जंगलों में पाई जाती है. ऐसे में हिमालय से हजारों किलोमीटर दूर मध्य भारत और खासकर छत्तीसगढ़ के वनों में इस पहाड़ी कछुए का मिलना वन्यजीव विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं और वैज्ञानिकों के लिए कौतूहल और विशेष शोध का विषय बन गया है।
इस दुर्लभ कछुए की साइटिंग के बाद उदंती-सीतानदी टाइगर रिजर्व के वैज्ञानिकों और अधिकारियों में भारी उत्साह देखा जा रहा है. वन विभाग के अनुसार, इस कछुए की मौजूदगी यह साबित करती है कि USTR का इकोसिस्टम आज भी बेहद समृद्ध, सुरक्षित और प्राचीन वन्यजीवों के अनुकूल है. अब इस क्षेत्र में इस विशेष प्रजाति के संरक्षण और उनकी आबादी का पता लगाने के लिए व्यापक स्तर पर सर्वे और मॉनिटरिंग की योजना बनाई जा रही है।

