तालाब में संकट: जलकुंभी के तेजी से फैलने से पानी हुआ प्रदूषित, आ रही है भारी बदबू…NV News

Share this

NV News- रायपुर। राजधानी रायपुर के प्रमुख पर्यटन और आकर्षण केंद्रों में से एक ‘तेलीबांधा तालाब’ (मरीन ड्राइव) इन दिनों गंभीर पर्यावरणीय संकट से जूझ रहा है। पिछले कई महीनों से तालाब की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ठप पड़ी हुई है, जिसके कारण इसके अस्तित्व पर खतरा मंडराने लगा है। देखरेख और सफाई के अभाव में तालाब का पानी न केवल प्रदूषित हो चुका है, बल्कि वहां से आने वाली तेज और असहनीय बदबू ने मरीन ड्राइव पर सुबह-शाम टहलने आने वाले नागरिकों और स्थानीय निवासियों का जीना दूभर कर दिया है।

विशेषज्ञों की चेतावनी: पानी की सतह को निगल रही है जलकुंभी

तालाब में फैली गंदगी के कारण अब जलकुंभी (Water Hyacinth) ने बेहद तेजी से पैर पसारना शुरू कर दिया है, जिसे लेकर पर्यावरण विशेषज्ञों ने गहरी चिंता जताई है:

ऑक्सीजन की कमी का खतरा: विशेषज्ञों का कहना है कि जलकुंभी का फैलाव इतनी तेजी से हो रहा है कि इसने पानी की ऊपरी सतह को पूरी तरह से ढंकना शुरू कर दिया है। इससे पानी के भीतर सूर्य की रोशनी और ऑक्सीजन का प्रवाह रुक जाता है, जो जलीय जीवों के लिए जानलेवा साबित हो सकता है।

तेजी से बढ़ रहा है प्रदूषण: सफाई बंद होने और जलकुंभी के सड़ने के कारण पानी का रंग बदल चुका है और वह पूरी तरह दूषित हो गया है। यही कारण है कि पूरे तालाब और उसके आसपास के रास्तों पर अब बदबू फैल रही है, जिससे मरीन ड्राइव की खूबसूरती पर भी दाग लग रहा है।

सुस्ती पर उठे सवाल, निगम प्रशासन से सफाई शुरू करने की मांग

नागरिकों में नाराजगी: रायपुर मरीन ड्राइव पर रोजाना सैकड़ों लोग सेहत बनाने और मानसिक शांति के लिए आते हैं, लेकिन वर्तमान स्थिति को देखकर लोगों में नगर निगम प्रशासन के प्रति भारी नाराजगी है। स्थानीय लोगों और मॉर्निंग वॉकर्स ने मांग की है कि कागजी दावों को छोड़कर धरातल पर जल्द से जल्द आधुनिक मशीनों के जरिए जलकुंभी को हटाने का काम युद्ध स्तर पर शुरू किया जाए, ताकि तेलीबांधा तालाब को फिर से स्वच्छ और सुंदर बनाया जा सके।

Share this