Bastar News: नक्सल हिंसा पीड़ित परिवारों के बीच पहुंचे डॉ. प्रेम साई गुरुजी, शिक्षा और आत्मनिर्भरता के लिए दिया आर्थिक संबल…NV News

Share this

NV News सुकमा। नक्सल हिंसा से प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचकर उनका दुख-दर्द साझा करने और उन्हें भविष्य के लिए आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मातंगी धाम के पीठाधीश्वर डॉ. प्रेम साई गुरुजी ने सुकमा जिले के प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने पीड़ित परिवारों को आर्थिक सहायता देने के साथ शिक्षा, प्रशिक्षण और रोजगार से जोड़ने में सहयोग का भरोसा दिलाया।

नक्सल हिंसा में पिता को खोने वाले किशोर को शिक्षा के लिए मिली सहायता

जगरगुंडा थाना क्षेत्र के बेनपल्ली पटेलपारा निवासी मुचाकी रामा की 5 मई 2025 को नक्सलियों ने पुलिस मुखबिरी का आरोप लगाकर हत्या कर दी थी। उनके परिवार में पत्नी आयाती, 18 वर्षीय पुत्र किशोर, 15 वर्षीय पुत्री संजना और करीब 70 वर्षीय माता मुचाकी हुंगी हैं। परिवार वर्तमान में कृषि कार्य के जरिए जीवन-यापन कर रहा है।

डॉ. प्रेम साई गुरुजी ने परिवार से मुलाकात कर किशोर को आगे की शिक्षा के लिए 51 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की। इसके साथ ही किशोर को वुडन कार्य का प्रशिक्षण दिलाने का निर्णय लिया गया है। प्रशिक्षण से जुड़ा पूरा खर्च मातंगी धाम की ओर से वहन किया जाएगा। उद्देश्य है कि किशोर कोई हुनर सीखकर भविष्य में अपने परिवार का सहारा बन सके।

आईईडी की चपेट में आई सुक्की को तत्काल आर्थिक मदद

चिंतलनार थाना क्षेत्र के भीमापुरम निवासी 14 वर्षीय मड़कम सुक्की पूर्व में नक्सलियों द्वारा लगाए गए आईईडी की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गई थीं। इस घटना में उनका एक पैर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। परिवार में उनकी मां मड़कम लिंगी, 20 वर्षीय बड़ी बहन मड़कम भीमे और 6 वर्षीय छोटा भाई मड़कम गुड्डी हैं। परिवार कृषि कार्य पर निर्भर है।

सुक्की की स्थिति को देखते हुए मातंगी धाम की ओर से घर की मरम्मत के लिए 51 हजार रुपये की तत्काल आर्थिक सहायता दी गई। डॉ. प्रेम साई गुरुजी ने सुक्की के भविष्य के लिए मुख्यमंत्री से मुलाकात कर आवश्यक सहयोग दिलाने का प्रयास करने की बात भी कही।

इसके अलावा उन्होंने आश्वासन दिया कि सुक्की को नौकरी मिलने तक एक वर्ष तक हर महीने 31 हजार रुपये की सहयोग राशि मातंगी धाम की ओर से दी जाएगी। यह राशि उसके उपचार, दैनिक जरूरतों और परिवार के सहयोग में मददगार होगी।

आर्थिक सहायता के साथ आत्मनिर्भरता पर जोर

डॉ. प्रेम साई गुरुजी ने कहा कि नक्सल हिंसा से प्रभावित परिवारों को केवल तत्काल आर्थिक सहायता देना पर्याप्त नहीं है। उन्हें सम्मान के साथ जीवन जीने, शिक्षा हासिल करने, रोजगार प्राप्त करने और आत्मनिर्भर बनने के अवसर भी उपलब्ध कराना जरूरी है।

उन्होंने कहा कि इसी उद्देश्य से मातंगी धाम प्रभावित परिवारों के साथ खड़ा है और शिक्षा, कौशल प्रशिक्षण, रोजगार तथा आर्थिक सहयोग के माध्यम से उन्हें मजबूत बनाने का प्रयास किया जा रहा है। नक्सल हिंसा से प्रभावित परिवारों के लिए इस तरह का सहयोग उनके पुनर्वास और बेहतर भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

Share this