Ramvichar Netam Bridge Gift: महाअष्टमी पर चलगली क्षेत्र को मंत्री रामविचार नेताम की बड़ी सौगात, मोरन नदी पर बनेगा उच्चस्तरीय पुल…NV News
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NV News: छत्तीसगढ़ के जनजातीय कार्य मंत्री रामविचार नेताम ने नवरात्रि की महाअष्टमी के पावन अवसर पर चलगली क्षेत्र के विकास की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने ग्राम कपिलदेवपुर में मोरन नदी पर बनाए जाने वाले नए उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग का विधिवत भूमिपूजन किया। लोक निर्माण विभाग सेतु संभाग, अंबिकापुर द्वारा कपिलदेवपुर-बसेरा मार्ग पर बनने वाले इस महत्वपूर्ण पुल के लिए 591.04 लाख रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इस बहुप्रतीक्षित पुल के निर्माण से चलगली क्षेत्र के करीब 12 से 15 गांवों के 15 से 20 हजार ग्रामीणों को सीधा और सुगम लाभ मिलेगा।
पुल के निर्माण से बलरामपुर जिला मुख्यालय की दूरी लगभग 15 किलोमीटर कम हो जाएगी, जिससे ग्रामीणों का आवागमन बेहद आसान हो जाएगा। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, यह पुल 144 मीटर लंबा और 8.40 मीटर चौड़ा होगा, जिसमें 24-24 मीटर के कुल 6 स्पैन बनाए जाएंगे। संरचना को अत्यधिक मजबूत और टिकाऊ बनाने के लिए इसमें आधुनिक पाइल फाउंडेशन तकनीक का उपयोग किया जाएगा। साथ ही, पुल के दोनों छोरों पर कुल 271 मीटर लंबा पहुंच मार्ग भी तैयार किया जाएगा, जिससे आवाजाही में किसी प्रकार की बाधा न आए।
आपातकालीन सेवाओं और विकास को मिलेगी गति: कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि महाअष्टमी के पवित्र दिन पर क्षेत्रवासियों को यह बड़ी सौगात देते हुए उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हो रही है। लंबे समय से पुल न होने के कारण ग्रामीणों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। इस पुल के बन जाने के बाद क्षेत्र में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाएं, शिक्षा और रोजगार के साधन आसानी से उपलब्ध हो सकेंगे। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि चलगली से रामानुजगंज सड़क मार्ग के निर्माण को भी स्वीकृति मिल चुकी है और टेंडर प्रक्रिया पूरी होते ही इस पर काम शुरू कर दिया जाएगा।
ग्रामीण बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर जोर देते हुए मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार गांवों में सीसी रोड, स्कूलों में बालिकाओं के लिए शौचालय और मुक्तिधाम निर्माण जैसी योजनाओं पर प्राथमिकता से काम कर रही है। इसके अलावा, महतारी वंदन योजना के जरिए महिलाओं को आर्थिक संबल और किसानों को आधुनिक व वैज्ञानिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। कार्यक्रम के दौरान स्थानीय जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।

