डोंगरगढ़ में महाजाम: 55 करोड़ की परिक्रमा पथ परियोजना के खिलाफ सड़क पर उतरी कांग्रेस, थमी रफ्तार…NV News
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NV News: डोंगरगढ़ में 55 करोड़ रुपये की परिक्रमा पथ परियोजना के विरोध में कांग्रेस ने उग्र चक्काजाम किया। हाईस्कूल चौक पर प्रदर्शन के कारण राजनांदगांव और महाराष्ट्र मार्ग का ट्रैफिक थम गया, जिसके बाद प्रशासन को रूट डायवर्ट करना पड़ा।
मुख्य समाचार
डोंगरगढ़, 30 जून 2026। डोंगरगढ़ की बहुचर्चित और 55 करोड़ रुपये की भारी-भरकम लागत वाली ‘परिक्रमा पथ परियोजना’ के खिलाफ मंगलवार को कांग्रेस ने एक बड़ा और उग्र प्रदर्शन किया। इस आंदोलन के चलते धर्मनगरी डोंगरगढ़ की यातायात व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई। कांग्रेस कार्यकर्ताओं और परियोजना से प्रभावित किसानों ने शहर के व्यस्ततम हाईस्कूल चौक पर पहुंचकर चक्काजाम कर दिया। इस अचानक हुए प्रदर्शन के कारण खैरागढ़, चिचोला, राजनांदगांव और पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र की ओर जाने वाले मुख्य मार्गों पर वाहनों की कई किलोमीटर लंबी कतारें लग गईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और स्थानीय प्रशासन को मोर्चा संभालना पड़ा और तत्काल वैकल्पिक मार्गों (रूट डायवर्जन) का सहारा लेकर आवाजाही को जैसे-तैसे सुचारू कराया गया।
इस बड़े जनांदोलन का नेतृत्व क्षेत्रीय विधायक हर्षिता स्वामी बघेल, वरिष्ठ नेता नवाज खान, कांग्रेस नेता विजयराज सिंह और संध्या देशपाण्डे सहित कई दिग्गज कर रहे थे। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और जमीन प्रभावित किसान सड़कों पर ही धरने पर बैठ गए। आंदोलनकारियों ने राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और इस परियोजना को जनविरोधी बताते हुए इसे तत्काल प्रभाव से निरस्त करने की अपनी मांग को दोहराया। प्रभावित किसानों का कहना है कि इस परियोजना से उनकी आजीविका और जमीनों को भारी नुकसान हो रहा है, जिसे वे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे।
चक्काजाम के चलते भारी वाहनों के साथ-साथ आम यात्रियों और राहगीरों को भी भीषण गर्मी में खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। प्रशासन के आला अधिकारी प्रदर्शनकारियों को समझाने और जाम खुलवाने का प्रयास करते रहे, लेकिन कांग्रेस नेता परियोजना रद्द करने के लिखित आश्वासन पर अड़े रहे। कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि प्रभावित किसानों की मांगों को अनदेखा किया गया और 55 करोड़ की इस विवादित परियोजना को जबरन थोपने की कोशिश की गई, तो आगामी दिनों में पूरे राजनांदगांव जिले में इससे भी बड़ा उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा।

