‘केवल पौधे लगाना काफी नहीं…’ क्या रायपुर के पेड़ों को कंक्रीट से आज़ाद करा पाएंगे अफसर? राज्यपाल डेका का सख्त अल्टीमेटम!…NV News

Share this

NV News Raipur: राजधानी रायपुर और नवा रायपुर में पर्यावरण संरक्षण को लेकर राजभवन से एक बेहद बड़ी और सख्त खबर सामने आई है। राज्यपाल रमेन डेका ने आज लोक भवन में वन विभाग और जिला प्रशासन के आला अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक ली। इस बैठक में प्रधान मुख्य वन संरक्षक अरुण कुमार पांडे, रायपुर कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह, नगर निगम आयुक्त सम्बित मिश्रा सहित वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुलाकात के दौरान राज्यपाल ने राजधानी में हरियाली को बचाने और पूर्व में लगाए गए पौधों के संरक्षण को लेकर अधिकारियों की क्लास लगाई और शहर के पर्यावरण को लेकर अपनी गंभीर चिंता व्यक्त की।

राज्यपाल ने अधिकारियों को दो टूक शब्दों में निर्देशित किया कि केवल फोटो खिंचवाने या अभियान के नाम पर पौधे लगा देना काफी नहीं है, बल्कि लगाने के बाद उनकी सुरक्षा और नियमित देखभाल सुनिश्चित करना सबसे आवश्यक जिम्मेदारी है। उन्होंने पेड़ों की कटाई पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि भविष्य में केवल और केवल अत्यावश्यक परिस्थितियों में ही वृक्षों को काटने की अनुमति दी जाए। इसके अलावा उन्होंने शहर की एक बड़ी समस्या को रेखांकित करते हुए आदेश दिया कि जितने भी बड़े वृक्ष हैं, उनके पास से पुराने ट्री गार्ड तुरंत हटाए जाएं और सबसे जरूरी बात, पेड़ों के चारों तरफ जो कंक्रीट का ढांचा बना दिया गया है, उसे तत्काल तोड़ा जाए ताकि जड़ों तक पर्याप्त हवा और पानी पहुंच सके।

चर्चा के दौरान राज्यपाल डेका ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ जैसे जन-जागरूकता अभियानों की तारीफ की, लेकिन साथ ही यह भी जोड़ा कि ऐसे व्यापक स्तर पर किए जाने वाले वृक्षारोपण के बाद उनकी जीवित रहने की दर (सर्वाइवल रेट) बढ़ाना असली चुनौती है। उन्होंने वन मंडल और निगम के अफसरों को आदेश दिया है कि जो भी पौधे रोपे जाएं, उनकी नियमित निगरानी और फेंसिंग सुनिश्चित की जाए ताकि वे सुरक्षित रूप से बड़े वृक्ष बन सकें। राज्यपाल ने रायपुर को और अधिक हरा-भरा बनाने के लिए सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने तथा शहर का ग्रीन कवर बढ़ाने के लिए एक ठोस कार्ययोजना के तहत समन्वित प्रयास करने के सख्त निर्देश दिए हैं।

Share this

You may have missed