स्वास्थ्य के क्षेत्र में बीजापुर का बड़ा धमाका: चेरपाल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को मिला राष्ट्रीय गुणवत्ता का तमगा…NV News
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NV News: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित और सुदूर वनांचल जिले बीजापुर से एक बेहद सुखद और गौरवान्वित करने वाली खबर सामने आई है। जिले का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC) चेरपाल अब देश में गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाओं की नई मिसाल बन गया है। राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (NQAS) के कड़े बाह्य मूल्यांकन में इस स्वास्थ्य केंद्र ने सभी मानकों को सफलतापूर्वक पूरा करते हुए एक ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम की है। यह कामयाबी स्वास्थ्य विभाग की कड़ी मेहनत, जमीनी स्तर पर हुए सुधारों और सुदूर इलाकों के ग्रामीणों तक बेहतरीन इलाज पहुंचाने की प्रतिबद्धता का जीता-जागता उदाहरण है।
नई दिल्ली से आई राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्रणाली संसाधन केंद्र (NHSRC) की दो सदस्यीय विशेषज्ञ टीम ने 03 और 04 जुलाई को अस्पताल का सघन निरीक्षण किया था। दो दिनों तक चले इस कड़े इम्तिहान में अस्पताल के सामान्य प्रशासन, ओपीडी, आईपीडी, लेबर रूम, पैथोलॉजी लैब, दवाओं के रख-रखाव, साफ-सफाई और संक्रमण नियंत्रण जैसी बुनियादी और महत्वपूर्ण व्यवस्थाओं को बारीकी से परखा गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) और खंड चिकित्सा अधिकारी (BMO) की देखरेख में डॉक्टरों, स्टाफ नर्सों, लैब तकनीशियनों और मितानिनों की पूरी टीम ने एकजुट होकर इस राष्ट्रीय मूल्यांकन में अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया।
चेरपाल स्वास्थ्य केंद्र को मिले इस नेशनल सर्टिफिकेट का सीधा फायदा अब क्षेत्र के हजारों आदिवासी और ग्रामीण मरीजों को मिलेगा। अस्पताल में न सिर्फ इलाज की तकनीक और दवा प्रबंधन बेहतर होगा, बल्कि भविष्य में केंद्र सरकार की ओर से मिलने वाले फंड से यहां सुविधाएं और ज्यादा आधुनिक की जाएंगी। बीजापुर जैसे सुदूर अंचल के सरकारी अस्पताल की यह सफलता यह साबित करती है कि अगर सही लीडरशिप और मजबूत टीमवर्क हो, तो देश के सबसे पिछड़े इलाकों में भी आम जनता को सबसे बेहतरीन और सुरक्षित स्वास्थ्य सुविधाएं मुफ्त में दी जा सकती हैं।

