दुर्ग अफीम कांड: 14 लाख पौधों की जब्ती के बाद अब राजस्थान तक पहुंची जांच की आंच; दो फरार आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस…NV News
Share this
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में अवैध अफीम की खेती के खिलाफ पुलिस ने अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। पुलिस ने कुम्हारी और आसपास के क्षेत्रों में छापेमारी कर लगभग 14 लाख अफीम के पौधे जब्त किए हैं, जिनकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करोड़ों रुपए आंकी जा रही है। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद पुलिस ने मास्टरमाइंड की गिरफ्तारी के लिए अपना जाल फैला दिया है। जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि इस पूरे सिंडीकेट के तार राजस्थान से जुड़े हुए हैं, जिसके बाद दुर्ग पुलिस की एक विशेष टीम आरोपियों की धरपकड़ के लिए राजस्थान रवाना हो गई है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, इस मामले में दो मुख्य आरोपियों की पहचान की गई है, जो मूलतः राजस्थान के रहने वाले हैं और छत्तीसगढ़ में पहचान छिपाकर इस अवैध कारोबार को अंजाम दे रहे थे। इन आरोपियों ने दुर्ग के ग्रामीण इलाकों में बड़े पैमाने पर जमीन किराए पर लेकर वहां फूल और अन्य फसलों की आड़ में अफीम की खेती शुरू की थी। स्थानीय पुलिस ने संदेह के आधार पर जब खेतों की जांच की, तो वहां अवैध मादक पदार्थ की खेती का साम्राज्य फैला मिला। फिलहाल, दुर्ग पुलिस राजस्थान पुलिस के साथ समन्वय स्थापित कर संदिग्ध ठिकानों पर दबिश दे रही है।
इस हाई-प्रोफाइल मामले ने प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था और स्थानीय खुफिया तंत्र पर भी सवालिया निशान लगा दिए हैं। इतनी बड़ी मात्रा में नशीले पौधों की खेती का होना किसी बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है। दुर्ग एसपी ने बताया कि जब्त किए गए पौधों के सैंपल्स को जांच के लिए लैब भेजा गया है और इस मामले में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस को उम्मीद है कि राजस्थान से फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद इस सिंडीकेट में शामिल कुछ सफेदपोशों और स्थानीय मददगारों के नाम भी सामने आ सकते हैं।
