बस्तर के रावघाट एरिया कमेटी की महिला माओवादी ने किया सरेंडर, मुख्यधारा में लौटीं…NV News
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NV News- राजनांदगांव में नक्सल विरोधी अभियान को एक और बड़ी सफलता मिली है। बस्तर के संवेदनशील रावघाट एरिया कमेटी में लंबे समय से सक्रिय रही एक महिला माओवादी ने पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। संगठन में लंबे समय तक सक्रिय रहने के बाद, महिला माओवादी ने हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में शामिल होने का निर्णय लिया है। प्रशासन और सुरक्षा बलों के लिए यह एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है, क्योंकि माओवादी संगठन के रणनीतिक क्षेत्रों से जुड़े कैडरों का लगातार कम होना उनके नेटवर्क को कमजोर कर रहा है।
आत्मसमर्पण करने वाली महिला माओवादी ने बताया कि वह संगठन के खोखले वादों और आंतरिक भेदभाव से तंग आ चुकी थी। उसने शासन की ‘नया सवेरा’ या पुनर्वास नीति से प्रभावित होकर हथियार डालने का फैसला किया है। आत्मसमर्पण के दौरान पुलिस अधिकारियों ने उसका स्वागत करते हुए उसे सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने का आश्वासन दिया। अधिकारी इसे क्षेत्र में सुरक्षा बलों की बढ़ती पैठ और नक्सलियों के प्रति बदलती सोच का परिणाम बता रहे हैं, जिससे प्रभावित होकर अब कैडर स्वेच्छा से आत्मसमर्पण कर रहे हैं।
पुलिस विभाग के अनुसार, इस आत्मसमर्पण के बाद महिला माओवादी से पूछताछ की जा रही है, जिससे क्षेत्र में सक्रिय अन्य नक्सलियों और उनके भविष्य के मंसूबों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां मिलने की उम्मीद है। पुलिस ने अन्य भटके हुए युवाओं से भी अपील की है कि वे हिंसा का रास्ता छोड़कर शांतिपूर्ण जीवन व्यतीत करने के लिए सामने आएं। इस घटना से राजनांदगांव और बस्तर सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत होने की संभावना है, साथ ही यह संदेश भी गया है कि विकास की मुख्यधारा में लौटने के लिए रास्ते खुले हैं।

