सक्ती पावर प्लांट त्रासदी: श्मशान बना कारखाना, अब तक 10 मजदूरों की मौत; प्लांट के बाहर परिजनों का भारी बवाल, सीएम ने दिए जाँच के आदेश…NV News
Share this
सक्ती। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में स्थित वेदांता पावर प्लांट (पूर्व में आरकेएम पावरजेन) में हुए बॉयलर ब्लास्ट ने अब एक महात्रासदी का रूप ले लिया है। इस भीषण हादसे में मरने वालों का आंकड़ा बढ़कर 10 पहुँच गया है, जिससे पूरे प्रदेश में शोक और आक्रोश की लहर है। अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे कई मजदूरों ने दम तोड़ दिया है, वहीं अभी भी कई कर्मचारियों की हालत नाजुक बनी हुई है। जैसे-जैसे मौतों की खबर सामने आ रही है, प्लांट के बाहर सुरक्षा मानकों को लेकर लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुँच गया है।
हादसे के बाद प्लांट परिसर छावनी में तब्दील हो गया है। मृतकों के परिजनों और स्थानीय ग्रामीणों ने प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए प्लांट के मुख्य गेट पर जमकर हंगामा किया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सुरक्षा उपायों में भारी चूक की वजह से इतने घरों के चिराग बुझ गए। तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। परिजनों की मांग है कि दोषियों पर तत्काल एफआईआर दर्ज की जाए और पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा और सरकारी नौकरी दी जाए।
इस बड़ी घटना पर संज्ञान लेते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने गहरा दुख प्रकट किया है। सीएम साय ने स्पष्ट कहा है कि इस हृदयविदारक हादसे की उच्च स्तरीय जाँच कराई जाएगी और जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे बख्शा नहीं जाएगा। प्रशासन ने जाँच दल गठित कर दिया है जो बॉयलर फटने के तकनीकी कारणों की पड़ताल करेगा। फिलहाल, घायलों का इलाज जारी है और शासन-प्रशासन की टीम मौके पर मौजूद रहकर स्थिति को नियंत्रित करने और पीड़ितों की मदद करने में जुटी है।
