मवेशी बाजार के विरोध में हुंकार: 50 किलोमीटर की दंडवत यात्रा से हिला प्रशासन, सड़कों पर उतरे आक्रोशित सेवक….NV News
Share this
NV News– छत्तीसगढ़ के कांकेर जिले में मवेशी बाजार (पशु हाट) को बंद कराने की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन ने एक उग्र और धार्मिक रूप ले लिया है। अपनी मांगों को मनवाने और प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने के लिए सैकड़ों की संख्या में सेवक और प्रदर्शनकारी सड़क पर उतर आए हैं। इस विरोध का सबसे मुख्य और चर्चा का विषय ‘दंडवत यात्रा’ है, जिसमें प्रदर्शनकारियों ने 50 किलोमीटर की लंबी दूरी तय की। यह अनूठा प्रदर्शन क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और प्रशासन के लिए भी बड़ी चुनौती खड़ा कर रहा है।
प्रदर्शनकारियों का तर्क है कि इस मवेशी बाजार के कारण कई तरह की समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं और स्थानीय लोगों की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँच रही है। सेवकों का कहना है कि वे तब तक नहीं रुकेंगे जब तक उनकी मांग पूरी नहीं हो जाती। सड़क पर दंडवत यात्रा करते हुए इन लोगों का जत्था जब आगे बढ़ा, तो शहर में हड़कंप मच गया। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्रशासन भी सतर्क है। प्रदर्शनकारियों का अनुशासन और उनकी दृढ़ता इस बात का संकेत है कि वे अपनी मांग को लेकर किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं।
स्थानीय निवासियों का एक बड़ा वर्ग इस विरोध का समर्थन कर रहा है। प्रशासन के लिए अब यह एक संवेदनशील मुद्दा बन चुका है क्योंकि एक ओर जनभावनाएं हैं और दूसरी ओर कानून-व्यवस्था का सवाल। फिलहाल, प्रदर्शनकारियों ने साफ कर दिया है कि मवेशी बाजार को स्थायी रूप से बंद किया जाना चाहिए। पुलिस और स्थानीय प्रशासन द्वारा मामले को शांत करने के प्रयास किए जा रहे हैं। इस दंडवत यात्रा ने न केवल कांकेर बल्कि आसपास के क्षेत्रों में भी लोगों का ध्यान खींचा है, जिससे अब यह आंदोलन बड़े स्वरूप में बदलता नजर आ रहा है।
