मलबे पर सियासत: नकटी पहुंचे भूपेश बघेल और दीपक बैज, बोले—’घर टूटा तो क्या, फिर बनेगा, सड़क से सदन तक लड़ेंगे लड़ाई’…NV News

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NV News रायपुर, 1 जुलाई 2026। राजधानी रायपुर से सटे नकटी गांव में प्रशासन द्वारा की गई बड़े पैमाने पर बुलडोजर कार्रवाई के बाद अब इस मामले में प्रदेश की सियासत गरमा गई है। मंगलवार को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और छत्तीसगढ़ कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने अचानक नकटी गांव का दौरा किया। दोनों दिग्गज नेताओं ने मलबे में तब्दील हो चुके आशियानों का बारीकी से निरीक्षण किया और खुले आसमान के नीचे बैठे प्रभावित परिवारों से मुलाकात की। नेताओं ने गांव में ही चौपाल लगाकर रोते-बिलखते पीड़ित परिवारों का दर्द सुना और उन्हें ढांढस बंधाते हुए कहा कि ‘घर टूट गया तो क्या हुआ, दोबारा बनेगा, हम आपके साथ खड़े हैं।’

इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सरकार और जिला प्रशासन की इस बेदखली कार्रवाई पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि बिना पुख्ता विस्थापन व्यवस्था के कड़कड़ाती धूप और मानसूनी सीजन के बीच गरीब परिवारों को बेघर करना सरासर अन्याय है। कांग्रेस इस अमानवीय कृत्य के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी। इस संवेदनशील मुद्दे को लेकर अब कांग्रेस पार्टी सड़क से लेकर सदन (विधानसभा) तक आर-पार की लड़ाई लड़ने के मूड में आ गई है।

पीसीसी चीफ दीपक बैज ने आगामी रणनीति का खुलासा करते हुए बताया कि पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने और उनके तत्काल पुनर्वास की मांग को लेकर कांग्रेस का एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल जल्द ही महामहिम राज्यपाल से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपेगा। इसके साथ ही, जुलाई महीने में शुरू होने जा रहे विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान भी इस मुद्दे को पूरी ताकत से उठाया जाएगा और सरकार को घेरा जाएगा। कांग्रेस के इस दौरे के बाद नकटी गांव का विस्थापन का मुद्दा अब छत्तीसगढ़ की राजनीति का केंद्र बिंदु बन गया है।

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