वेदांता हादसा: मुख्यमंत्री साय ने दिए मजिस्ट्रियल जांच के आदेश, अस्पताल पहुंचे मंत्री लखन लाल देवांगन…NV News
Share this
रायपुर: औद्योगिक नगरी कोरबा में स्थित वेदांता (बालको) प्लांट में हुए दुखद हादसे को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बेहद गंभीरता से लिया है। मुख्यमंत्री ने इस पूरी घटना की मजिस्ट्रियल जांच (दंडाधिकारी जांच) के आदेश दे दिए हैं। शासन का स्पष्ट निर्देश है कि हादसे के कारणों की गहराई से जांच की जाए और यदि प्रबंधन की ओर से सुरक्षा मानकों में कोई लापरवाही पाई जाती है, तो दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
घायलों का हाल जानने अस्पताल पहुंचे कैबिनेट मंत्री
हादसे की खबर मिलते ही मुख्यमंत्री के निर्देश पर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन तत्काल अस्पताल पहुंचे। उन्होंने वहां भर्ती घायल श्रमिकों का हाल-चाल जाना और उनके परिजनों से मुलाकात की। मंत्री देवांगन ने डॉक्टरों को निर्देश दिए कि घायलों के उपचार में किसी भी प्रकार की कोताही न बरती जाए और उन्हें बेहतर से बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जाए।
मुआवजे का आश्वासन: मंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा और हर संभव सरकारी मदद दिलाई जाएगी।
प्रबंधन पर नजर: उन्होंने जिला प्रशासन और पुलिस अधिकारियों को हादसे की हर कड़ी की जांच करने और प्लांट के भीतर सुरक्षा ऑडिट करने के निर्देश दिए।
जांच के दायरे में सुरक्षा मानक
मजिस्ट्रियल जांच के तहत यह देखा जाएगा कि क्या काम के दौरान श्रमिकों के लिए अनिवार्य सुरक्षा उपकरणों का उपयोग किया जा रहा था या नहीं। साथ ही, भारी मशीनरी और प्लांट के संचालन में निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन हुआ है या चूक हुई है। इस आदेश के बाद बालको प्रबंधन और संबंधित ठेका कंपनियों में हड़कंप मच गया है। मुख्यमंत्री साय ने सोशल मीडिया के माध्यम से घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की है और स्पष्ट किया है कि छत्तीसगढ़ में श्रमिकों की सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
