नगर निगम रायपुर में ‘राजस्व वसूली’ पर सख्त एक्शन: आयुक्त ने जोन 8, 9 और 10 को थमाया नोटिस….NV News
Share this
रायपुर नगर पालिक निगम के आयुक्त श्री विश्वदीप ने निगम की वित्तीय स्थिति और राजस्व वसूली की गहन समीक्षा करते हुए सुस्त कार्यप्रणाली पर कड़ा रुख अपनाया है। निर्धारित लक्ष्य से कम वसूली करने पर उन्होंने जोन 8, 9 और 10 के राजस्व विभाग को ‘कारण बताओ नोटिस’ (Show Cause Notice) जारी करने के निर्देश दिए हैं। आयुक्त ने स्पष्ट कर दिया है कि नगर निगम के हित में राजस्व संग्रहण सर्वोपरि है और इसमें किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
डिफॉल्टर प्रॉपर्टी आईडी की बनेगी सूची, 23 मार्च तक की डेडलाइन
समीक्षा बैठक के दौरान आयुक्त ने सभी जोन कमिश्नरों को सख्त हिदायत दी है कि जिन प्रॉपर्टी आईडी (Property ID) से अब तक एक रुपये की भी वसूली नहीं हुई है, उनका पूरा विवरण तैयार किया जाए। उन्होंने सोमवार, 23 मार्च 2026 तक ऐसी सभी संपत्तियों की सूची मुख्यालय राजस्व विभाग को सौंपने का समय तय किया है। इस कदम का उद्देश्य उन बड़े बकायेदारों की पहचान करना है जो लंबे समय से टैक्स चोरी कर रहे हैं या भुगतान में देरी कर रहे हैं।
31 मार्च तक ‘करो या मरो’ की स्थिति: छुट्टी के दिनों में भी होगी वसूली
वित्तीय वर्ष 2025-26 की समाप्ति को देखते हुए आयुक्त ने सभी 10 जोनों की राजस्व टीमों को मिशन मोड में काम करने को कहा है। उन्होंने निर्देश दिया कि अपर आयुक्तों, उपायुक्तों और जोन कमिश्नरों के मार्गदर्शन में टीमें हर हाल में निर्धारित लक्ष्य को पूरा करें। 31 मार्च 2026 तक की समयसीमा को ध्यान में रखते हुए अधिकारियों को जवाबदेही तय करने और वसूली न होने की स्थिति में कड़ी अनुशासनात्मक कार्यवाही भुगतने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
उच्च स्तरीय बैठक में रणनीति तैयार, मुख्यालय में जुटे दिग्गज
नगर निगम मुख्यालय में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में अपर आयुक्त लोकेश्वर साहू, पंकज के. शर्मा, विनोद पाण्डेय, श्रीमती कृष्णा खटीक सहित उपायुक्त जागृति साहू और आईटी विशेषज्ञ रंजीत रंजन मौजूद रहे। बैठक में डिजिटल पेमेंट और आईटी सपोर्ट के जरिए वसूली बढ़ाने पर भी चर्चा हुई। सभी जोन के सहायक राजस्व अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे ग्राउंड लेवल पर जाकर बकायेदारों से संपर्क करें और नगर निगम के खजाने को भरने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।
