राजनाथ सिंह का बड़ा बयान: ‘भगवान शिव से प्रेरणा लेती है भारतीय सेना, जरूरत पड़ने पर करती है ऑपरेशन सिंदूर जैसी कार्रवाई’…NV News

Share this

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भारतीय सेना के साहस और सेवा भावना की तुलना भगवान शिव के स्वरूप से करते हुए एक महत्वपूर्ण वक्तव्य दिया है। उन्होंने कहा कि हमारी सेना न केवल देश की सीमाओं की रक्षा करती है, बल्कि वह भगवान शिव की तरह परोपकारी और विनाशक दोनों गुणों को समाहित किए हुए है। राजनाथ सिंह ने इस बात पर जोर दिया कि भारतीय सेना शांति के समय में आम जनता की सहायता के लिए हमेशा तत्पर रहती है, जो शिव के कल्याणकारी रूप का प्रतीक है।

रक्षा मंत्री ने विशेष रूप से ‘ऑपरेशन सिंदूर’ (Operation Sindoor) और इसी तरह के अन्य अभियानों का जिक्र करते हुए कहा कि जब भी देश की अखंडता और सुरक्षा पर खतरा मंडराता है, तो सेना भगवान शिव के ‘तीसरे नेत्र’ की तरह प्रचंड रूप धारण कर लेती है। उन्होंने कहा कि सेना की कार्रवाई यह स्पष्ट संदेश देती है कि भारत शांति का पक्षधर है, लेकिन उकसाने पर वह करारा जवाब देने में सक्षम है। यह प्रेरणा उन्हें अध्यात्म और राष्ट्रभक्ति के मेल से मिलती है।

राजनाथ सिंह ने सेना के मानवीय कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि प्राकृतिक आपदाओं या संकट की स्थिति में सैनिक अपनी जान जोखिम में डालकर लोगों की मदद करते हैं। यह सेवा भाव ही उन्हें दुनिया की अन्य सेनाओं से अलग और विशिष्ट बनाता है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे सेना के इस शौर्य और समर्पण से प्रेरणा लें और राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान दें।

समारोह के दौरान उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि रक्षा मंत्रालय सेना को आधुनिक हथियारों और तकनीक से लैस करने के लिए निरंतर काम कर रहा है, ताकि ‘आत्मनिर्भर भारत’ के तहत हमारी सेना और अधिक शक्तिशाली बन सके। उनके इस बयान को सेना के मनोबल को बढ़ाने वाला और भारतीय संस्कृति के साथ सैन्य वीरता के जुड़ाव के रूप में देखा जा रहा है।

Share this

You may have missed