कोटा रेलवे फाटक बंद,हर दिन हजारों लोग होंगे परेशान…NV News 

Share this

रायपुर। राजधानी के सरस्वती नगर स्टेशन के पास स्थित कोटा रेलवे फाटक जल्द ही स्थायी रूप से बंद कर दिया जाएगा। रेलवे प्रशासन शहर में एक-एक कर रेलवे क्रॉसिंग खत्म करने की योजना पर काम कर रहा है। अब तक दर्जनभर फाटक बंद किए जा चुके हैं और अब इस सूची में कोटा फाटक का नाम भी जुड़ने वाला है।

क्यों होगा बंद कोटा फाटक?:

दरअसल, कोटा रेलवे फाटक के पास से आमानाका ओवरब्रिज के नीचे तक एक नई सड़क और अंडरब्रिज का काम चल रहा है। काम पूरा होने के बाद इस फाटक से आवाजाही बंद कर दी जाएगी। लंबे समय से यहां अंडरब्रिज बनाने की मांग हो रही थी क्योंकि फाटक से रोजाना बड़ी संख्या में छात्र और आम लोग गुजरते हैं। आसपास यूनिवर्सिटी और कई शैक्षणिक संस्थान हैं, इसलिए ट्रैफिक का दबाव हमेशा बना रहता है।

फाटक बंद होने के बाद लोगों को 1 से 2 किलोमीटर घूमकर आमानाका अंडरब्रिज से होकर सरस्वती नगर स्टेशन या यूनिवर्सिटी गेट पहुंचना होगा। इसका सीधा असर रोजाना 10 से 15 हजार लोगों पर पड़ेगा।

सुरक्षा और सुविधा पर रेलवे का फोकस:

रेलवे का कहना है कि फाटक बंद करने का मकसद सुरक्षा और सुविधा है। रेलवे नेटवर्क को 160 किमी प्रतिघंटा की स्पीड तक अपग्रेड करने की तैयारी है। ऐसे में लेवल क्रॉसिंग पर खतरा बढ़ जाता है। मवेशियों और लोगों की अवैध आवाजाही रोकने के लिए दुर्ग से रायपुर डिवीजन के दाधापारा तक ट्रैक के दोनों तरफ फेंसिंग का काम लगभग पूरा हो चुका है।रेलवे प्रशासन का मानना है कि क्रॉसिंग हटाकर ही ट्रेनों की स्पीड और यात्रियों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।

विधायक मूणत ने उठाई आम लोगों की चिंता:

रायपुर पश्चिम के विधायक राजेश मूणत ने कोटा फाटक बंद करने की योजना पर आपत्ति जताई है। उन्होंने रायपुर डीआरएम दयानंद और अफसरों से बैठक कर आम जनता की समस्याओं पर चर्चा की।

मूणत ने कहा कि इस मार्ग से रोजाना हजारों लोग गुजरते हैं, जिनमें बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हैं। ऐसे में बिना वैकल्पिक रास्ते के फाटक बंद करना ठीक नहीं है। उन्होंने रेल अफसरों के सामने प्रस्ताव रखा कि जिस तरह दिशा कॉलेज के पास रामनगर में अंडरब्रिज बनाया गया था, उसी तरह यहां भी निर्माण कराया जाए।

इसके अलावा विधायक ने तेलघानी नाका राजपूताना होटल के सामने से प्लेटफॉर्म नंबर 7 तक ओवरब्रिज और अंडरब्रिज बनाने के लिए राज्य सरकार से बजट उपलब्ध कराने का सुझाव दिया। उन्होंने कहा कि अगर रेलवे एनओसी दे दे तो यह काम राज्य सरकार खुद कर सकती है।

जनता कांग्रेस ने भी किया विरोध:

कोटा रेलवे फाटक बंद करने का विरोध जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) ने भी किया है। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता अधिवक्ता भगवानू नायक ने रेलवे और राज्य सरकार से अंडरब्रिज का निर्माण कराने की मांग की। उन्होंने कहा कि आम जनता को बिना विकल्प दिए रेलवे क्रॉसिंग बंद करना जनता के साथ अन्याय होगा।

खमतराई फाटक भी बंद करने की तैयारी:

कोटा फाटक के साथ-साथ खमतराई रेलवे फाटक भी बंद करने की योजना है। यहां पर अक्सर ट्रेनों के गुजरने से फाटक बंद करना पड़ता है और दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। इसी कारण रेलवे ने यहां अंडरब्रिज बनाने और फाटक को स्थायी रूप से बंद करने का प्लान तैयार किया है।

हालांकि तकनीकी दिक्कतों की वजह से कोटा फाटक पर अंडरब्रिज बनाना आसान नहीं है। जगह कम होने से निर्माण संभव नहीं लग रहा। इसी कारण रेलवे ने आमानाका अंडरब्रिज तक नई सड़क बनाने का विकल्प चुना है।

डीआरएम ने किया निरीक्षण:

रायपुर डीआरएम (DRM) दयानंद ने खुद सरस्वती नगर स्टेशन के पास कोटा रेलवे फाटक का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि क्रॉसिंग बंद करने से पहले संभावित वैकल्पिक व्यवस्थाओं का आकलन किया गया है। लोगों की परेशानी कम करने के लिए नए मार्ग और अंडरब्रिज पर विचार किया जा रहा है।

फाटक बंद करने का नतीजा:

कोटा रेलवे फाटक बंद करने का सीधा असर रोजाना हजारों लोगों, खासकर छात्रों और कर्मचारियों पर पड़ेगा। रेलवे जहां सुरक्षा और हाई-स्पीड ट्रेन प्रोजेक्ट का हवाला देकर फाटक बंद करने की योजना पर आगे बढ़ रहा है, वहीं स्थानीय लोग और जनप्रतिनिधि वैकल्पिक मार्ग या अंडरब्रिज बनाने की मांग कर रहे हैं।अगर समय रहते समाधान नहीं निकला, तो आने वाले दिनों में यह मुद्दा रायपुर शहर के लिए बड़ी परेशानी बन सकता है।

Share this