Gomarda Wildlife Sanctuary: गोमर्डा अभयारण्य में आएंगे 50 काले हिरण, जंगल सफारी से बढ़ेंगे पर्यटन और रोजगार के अवसर…NV News
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NV News सारंगढ़-बिलाईगढ़। छत्तीसगढ़ के सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले में स्थित गोमर्डा वन्यजीव अभयारण्य को पर्यटन के नए केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में पहल की जा रही है। अभयारण्य में 50 काले हिरण (कृष्णमृग) छोड़ने के प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है। इस पहल से यहां जंगल सफारी शुरू करने का रास्ता साफ होने की उम्मीद है। इससे पर्यटकों को वन्यजीवों को करीब से देखने का अवसर मिलेगा और क्षेत्र की प्राकृतिक सुंदरता तथा जैव विविधता को नई पहचान मिल सकती है।
वन्यजीव बोर्ड की बैठक में प्रस्ताव को मंजूरी
गोमर्डा अभयारण्य में काले हिरणों के पुनर्वास के प्रस्ताव पर राज्य वन्यजीव बोर्ड की स्थायी समिति की उच्चस्तरीय बैठक में निर्णय लिया गया। बैठक की अध्यक्षता वन मंत्री केदार कश्यप ने की। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, विशेषज्ञों की राय और पर्यावरणीय संतुलन को ध्यान में रखते हुए अभयारण्य में काले हिरणों को बसाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है।
जंगल सफारी से पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
घने जंगलों, प्राकृतिक सौंदर्य और समृद्ध जैव विविधता के लिए पहचाने जाने वाले गोमर्डा अभयारण्य में जंगल सफारी शुरू होने से सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले को पर्यटन के क्षेत्र में नई पहचान मिलने की संभावना है। काले हिरणों की मौजूदगी वन्यजीव प्रेमियों और प्रकृति में रुचि रखने वाले पर्यटकों को आकर्षित कर सकती है।
स्थानीय लोगों के लिए खुल सकते हैं रोजगार के रास्ते
जंगल सफारी और पर्यटन गतिविधियों के विस्तार से स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होने की उम्मीद है। पर्यटकों की आवाजाही बढ़ने से गाइड, वाहन संचालन, स्थानीय परिवहन, खानपान और अन्य पर्यटन सेवाओं से जुड़े लोगों को लाभ मिल सकता है। हालांकि, सफारी शुरू होने की तारीख और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

