Dhamtari Big: कुत्तों की नसबंदी सुस्त, अभियान पर उठे सवाल…NV News

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Dhamtari Big: शहर में लगातार बढ़ रही आवारा कुत्तों की समस्या को नियंत्रित करने के लिए नगर निगम ने नसबंदी अभियान शुरू किया है, लेकिन इसकी रफ्तार बेहद धीमी दिखाई दे रही है। शहरभर में डॉग-मेनस तेज़ी से बढ़ रहा है, आए दिन लोगों के घायल होने और मोहल्लों में दहशत फैलने की शिकायतें सामने आ रही हैं। ऐसे में निगम ने नसबंदी को समाधान के रूप में आगे बढ़ाया, मगर 25 दिनों में सिर्फ 70 कुत्तों की ही नसबंदी होना कई सवाल खड़े कर रहा है।

नगर निगम के अनुसार, एक कुत्ते की नसबंदी पर लगभग 1200 रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इसके लिए कुल साढ़े चार सौ कुत्तों की नसबंदी का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जिसके लिए करीब 5 लाख रुपये का टेंडर जारी किया गया था। यह कार्य हरियाणा स्थित नैन फाउंडेशन एजेंसी को सौंपा गया है। लेकिन शुरुआत से ही एजेंसी के कामकाज की रफ्तार धीमी दिखाई दे रही है। शहरवासियों का कहना है कि,जहां रोज़ाना बड़ी संख्या में कुत्ते घूमते हैं, वहीं नसबंदी की संख्या बेहद कम है, जिससे अभियान का उद्देश्य पूरा होता नहीं दिख रहा।

स्थानीय लोगों के मुताबिक निगम ने अभियान की घोषणा तो की, लेकिन मैदान में इसकी सक्रियता उतनी नजर नहीं आती। वार्डों में घूम रहे आवारा कुत्तों की संख्या कम होने के बजाय पहले जैसी ही है। कई जगहों पर रहने वालों ने शिकायत की है कि,पकड़ने वाली टीम का आना-जाना भी अनियमित है, और अफसरों ने भी अब तक इसकी कोई स्पष्ट प्रगति रिपोर्ट नहीं दी है। इस वजह से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है और निगम की कार्यशैली पर सवाल उठाए जा रहे हैं।

उधर, निगम अधिकारियों का कहना है कि,नसबंदी प्रक्रिया में समय लगता है,कुत्तों को सुरक्षित पकड़कर लाना, उनका स्वास्थ्य परीक्षण करना, ऑपरेशन के बाद कुछ समय तक उनकी निगरानी करना- ये सब चरण अनिवार्य हैं। उनका दावा है कि, अगले कुछ हफ्तों में गति बढ़ाई जाएगी और निर्धारित लक्ष्य को समय पर पूरा करने की कोशिश होगी।

हालांकि शहरवासी अब ठोस नतीजों की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि, जब समस्या गंभीर है, तो कार्रवाई भी उसी स्तर की होनी चाहिए। यदि अभियान की गति ऐसी ही रही, तो न तो कुत्तों की संख्या नियंत्रित होगी और न ही लोगों को राहत मिलेगी। जिले में डॉग-मेनस पर काबू पाने के लिए जरूरी है कि, नसबंदी कार्यक्रम तेज हो, नियमित मॉनिटरिंग की जाए और एजेंसी से समयबद्ध काम लिया जाए,तभी शहर को असल राहत मिलेगी।

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